Suzlon Energy Share Price : लगातार तीन दिनों की तेज़ रैली के बाद शुक्रवार को Suzlon Energy Share Price में मुनाफावसूली देखने को मिली। कंपनी के शेयर 1.34 प्रतिशत गिरकर 53.82 रुपये पर बंद हुए। बीते कुछ सत्रों में यह स्टॉक अपने 52 हफ्तों के ऊपरी स्तर 74.30 रुपये को छू चुका है, जबकि निचला स्तर 46 रुपये रहा है। विश्लेषकों का कहना है कि शॉर्ट टर्म में इस स्टॉक में थोड़ी और करेक्शन संभव है, लेकिन लंबी अवधि के निवेशकों के लिए यह स्टॉक अभी भी मजबूत पोजिशन में बना हुआ है।
Suzlon Energy Share Price Analysis
वेल्थमिल्स सिक्योरिटीज के इक्विटी स्ट्रैटेजिस्ट क्रांति बाठिनी के मुताबिक, Suzlon Energy Share Price में मौजूदा स्तरों से कुछ और गिरावट संभव है। उन्होंने कहा कि स्टॉक 55 रुपये पर मजबूत प्रतिरोध के साथ ट्रेड कर रहा है, और अगर यह स्तर टूटता है तो अगला सपोर्ट 48.50 रुपये के आसपास देखने को मिल सकता है।
चार्ट मार्केट टेक्निशियन अमित साखदेव का कहना है कि जब तक स्टॉक 56 रुपये से नीचे रहता है, तब तक इसमें गिरावट का दबाव जारी रह सकता है। हालांकि, 56.70 रुपये का क्लोजिंग ऊपर जाने पर रिकवरी की उम्मीद बढ़ सकती है। तकनीकी रूप से, 62 रुपये का ब्रेकआउट लेवल अगले अपट्रेंड की शुरुआत दिखा सकता है।
Suzlon Energy Share Price Performance
ब्रोकरेज हाउसेज़ के मुताबिक, Suzlon Energy Share Price में हाल की गिरावट एक नेचुरल प्रॉफिट बुकिंग है, क्योंकि शेयर ने पिछले एक महीने में लगभग 25% तक की तेज़ी दिखाई थी। कंपनी के फंडामेंटल्स मजबूत हैं और ग्रीन एनर्जी सेक्टर में बढ़ती मांग इसे लॉन्ग टर्म में बेहतर निवेश विकल्प बना रही है।
टेक्निकल एनालिस्ट्स के अनुसार, सुजलॉन के स्टॉक में बार-बार लोअर-हाई और लोअर-लो का पैटर्न बन रहा है। यह दर्शाता है कि 56 रुपये से ऊपर की क्लोजिंग तक निवेशकों को सतर्क रहना चाहिए। ट्रेडर्स के लिए 49 रुपये का स्तर एक अहम सपोर्ट ज़ोन है।
Suzlon Energy Business Model
सुजलॉन एनर्जी लिमिटेड भारत की प्रमुख नवीकरणीय ऊर्जा समाधान प्रदाता कंपनी है, जो विंड टर्बाइन और सोलर एनर्जी सॉल्यूशंस में विशेषज्ञ है। कंपनी पावर जनरेशन से जुड़ी सेवाएं जैसे इंजीनियरिंग, प्रोक्योरमेंट, इंस्टॉलेशन और लाइफसाइकल मैनेजमेंट प्रदान करती है। इसके क्लाइंट्स देश-विदेश दोनों में फैले हैं और कंपनी लगातार नई तकनीक में निवेश कर अपनी दक्षता बढ़ा रही है।
Conclusion
Suzlon Energy Share Price में हाल की गिरावट के बावजूद एनालिस्ट्स का मानना है कि कंपनी की दीर्घकालिक संभावनाएं मज़बूत बनी हुई हैं। भारत सरकार की नवीकरणीय ऊर्जा नीति, विंड सेक्टर में बढ़ता निवेश और सुजलॉन की बढ़ती ऑर्डर बुक आने वाले महीनों में इस स्टॉक को फिर से तेजी की ओर ले जा सकती है। हालांकि, शॉर्ट टर्म में वोलैटिलिटी बनी रह सकती है, इसलिए निवेशकों को सावधानीपूर्वक रणनीति अपनानी चाहिए।




